वाल्मीकिनगर में मुख्यमंत्री का आगमन:सीएम नीतीश कुमार ने दोन नहर शाखा सेवा पथ के पुनर्स्थापन कार्य स्थल का निरीक्षण और लवकुश पार्क का किया अवलोकन।

वाल्मीकिनगर में मुख्यमंत्री का आगमन:-मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने दोन नहर शाखा सेवा पथ के पुनर्स्थापन कार्य स्थल का निरीक्षण और लवकुश पार्क का किया अवलोकन।
—–वाल्मिकी बाघ अभ्यारण्य अंतर्गत इको-पर्यटन केंद्र का शिलान्यास, गिद्ध संरक्षण केंद्र (गोनौली एवं चिउटाहां) का उद्घाटन तथा जंगल सफारी वाहन को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना।
Bihar desk,बगहा।रविवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पटना से हवाई मार्ग के जरिए वाल्मीकिनगर हवाई अड्डे पहुंचे।जहां आला-अधिकारियों और पार्टी कार्यकर्ताओं ने उनका भव्य स्वागत किया।अपनी इस यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार के इकलौते वाल्मीकि टाइगर रिजर्व (वीटी आर) में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने यहाँ करोड़ों रुपये की लागत वाली विभिन्न योजनाओं का लोकार्पण किया।जिसमें मुख्य रूप से दोन नहर पथ और लव कुश पार्क शामिल हैं।मुख्यमंत्री ने सबसे पहले गंडक बैराज स्थित दो नहर शाखा सेवा सड़क के पुनर्स्थापना कार्य का बारीकी से निरीक्षण किया।इसके बाद वे लव कुश पार्क पहुंचे,जहां उन्होंने जीविका दीदी समूह की महिलाओं से मुलाकात की और उनके कार्यों व हाल-चाल की जानकारी ली।लव कुश पार्क के बाद मुख्यमंत्री वाल्मीकि सभागार पहुंचे।यहाँ उन्होंने वीटीआर के डिवीजन 2 में एक नए पर्यटन केंद्र का शिलान्यास किया। साथ ही गोनौली और चिउटाहां में बने गिद्ध संरक्षण केंद्रों का उद्घाटन भी मुख्यमंत्री के हाथों संपन्न हुआ।इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने जंगल सफारी के नए वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।माना जा रहा है कि इन सौगातों से आने वाले दिनों में बिहार के इको टूरिज्म को काफी मजबूती मिलेगी और वाल्मीकि नगर में पर्यटकों की संख्या में इजाफा होगा।गौरतलब है कि नीतीश कुमार अपनी लगभग हर बड़ी यात्रा की शुरुआत पश्चिम चंपारण की इसी धरती से करते रहे हैं।आपको बता चले कि रविवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी वाल्मिकीनगर में प्रगति यात्रा के क्रम में की गई विभिन्न विकासात्मक घोषणाओं का निरीक्षण और समीक्षा की गई। इस दौरान दोन नहर शाखा सेवा पथ के पुनर्स्थापन कार्य स्थल का निरीक्षण, लवकुश पार्क का अवलोकन एवं वाल्मिकी बाघ अभ्यारण्य अंतर्गत इको-पर्यटन केंद्र का शिलान्यास, गिद्ध संरक्षण केंद्र (गोनौली एवं चिउटाहां) का उद्घाटन तथा जंगल सफारी वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।यह पहल क्षेत्र के समग्र विकास, पर्यावरण संरक्षण और पर्यटन को नई दिशा देने की ओर एक महत्वपूर्ण कदम है।






