मोनू जायसवाल हत्याकांड का खुलासा?, दो आरोपी गिरफ्तार?

मोनू जायसवाल हत्याकांड का खुलासा?, दो आरोपी गिरफ्तार?
सूर्य न्यूज़ 24/ कानपुर नगर से नफीस खान की रिपोर्ट

कानपुर नगर में थाना कैंट पुलिस ने मोनू जायसवाल हत्याकांड का सफल खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस आयुक्त रघुवीर लाल के निर्देशन और डीसीपी ईस्ट सत्यजीत गुप्ता के नेतृत्व में यह महत्वपूर्ण सफलता हासिल की गई।
डीसीपी ईस्ट सत्यजीत गुप्ता ने बताया कि 26 अप्रैल 2026 की शाम मोनू जायसवाल अपने घर से निकले थे, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटे। इसके बाद 27 अप्रैल को परिजनों ने उनकी गुमशुदगी की रिपोर्ट थाना कैंट में दर्ज कराई। उसी दिन मोनू का शव शुक्लागंज, उन्नाव में बरामद हुआ, जिससे क्षेत्र में सनसनी फैल गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल जांच शुरू की। जांच के दौरान संदेह के आधार पर बापन पाल को हिरासत में लिया गया। प्रारंभिक पूछताछ में उसने पुलिस को गुमराह करने का प्रयास किया, लेकिन जब पुलिस ने उसके सामने ठोस साक्ष्य प्रस्तुत किए, तो वह टूट गया और अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसकी निशानदेही पर दूसरे आरोपी अतीत वर्मा को भी गिरफ्तार कर लिया गया।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि बापन पाल, अतीत वर्मा और मृतक मोनू जायसवाल एक साथ सिम पोर्ट कराने का कार्य करते थे। आरोप है कि मोनू टारगेट पूरा होने पर मिलने वाला पूरा इंसेंटिव स्वयं रख लेता था और अपने साथियों के साथ अभद्र व्यवहार करता था। इसी बात को लेकर दोनों आरोपियों के मन में गहरी रंजिश पैदा हो गई थी।
इसी रंजिश के चलते दोनों ने मोनू की हत्या की साजिश रची। योजना के तहत वे मोनू को शुक्लागंज ले गए, जहां पहले उसे शराब पिलाई गई। इसके बाद उसकी आंखों में फॉग स्प्रे डाला गया और फिर डंडों से बेरहमी से हमला किया गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से फॉग स्प्रे, मृतक का मोबाइल फोन, शराब की बोतल, एक ऑटो बाइक तथा हत्या में प्रयुक्त दो डंडे बरामद किए हैं।
फिलहाल दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जा रहा है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कानपुर शहर में अपराधियों के खिलाफ सख्त अभियान लगातार जारी रहेगा और किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा।

